वॉशिंगटन । मैक्सिको में बड़े ड्रग माफिया एल मेंचो के खिलाफ बड़ी कार्रवाई के बाद देश में कई जगहों पर हिंसा देखने को मिली। इस बीच व्हाइट हाउस ने रविवार को दावा किया कि अमेरिका ने मैक्सिकन सरकार को एल मेंचो के खिलाफ इस बड़े ऑपरेशन में इंटेलिजेंस का समर्थन किया। अमेरिका की मदद की वजह से ही जलिस्को न्यू जनरेशन कार्टेल (सीजेएनजी) का नेता मेंचो मारा गया।
व्हाइट हाउस की प्रवक्ता कैरोलिन लेविट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा, “अमेरिका ने मैक्सिकन सरकार को जलिस्को, मैक्सिको के टपालपा में एक ऑपरेशन में मदद करने के लिए इंटेलिजेंस सपोर्ट दिया, जिसमें नेमेसियो ‘एल मेंचो’ ओसेगुएरा सर्वेंट्स, जो एक बदनाम ड्रग लॉर्ड और जलिस्को न्यू जनरेशन कार्टेल का नेता था, खत्म हो गया।”
लेविट ने कहा कि ‘एल मेंचो’ मैक्सिको और अमेरिका दोनों के लिए एक ‘टॉप टारगेट’ था, क्योंकि वह अमेरिका में फेंटानिल के सबसे शीर्ष तस्करों में से एक था। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पिछले साल सीजेएनजी को एक विदेशी आतंकी संगठन घोषित किया था।
उन्होंने कहा, “इस ऑपरेशन में, कार्टेल के तीन और सदस्य मारे गए, तीन घायल हुए और दो को गिरफ्तार किया गया।”
उन्होंने मैक्सिकन सेना की भी उनके सहयोग और ऑपरेशन को सफलतापूर्वक पूरा करने के लिए सराहना की। इससे पहले, अमेरिका के उपविदेश सचिव क्रिस्टोफर लैंडौ ने ऑपरेशन का स्वागत करते हुए कहा कि यह मैक्सिको, अमेरिका और बाकी लैटिन अमेरिका के लिए एक बहुत बड़ा डेवलपमेंट है। बता दें, लैंडौ पहले मैक्सिको के राजदूत रह चुके हैं।
सीजेएनजी ड्रग कार्टेल नेता की हत्या के बाद बड़े पैमाने पर देश में हिंसा देखने को मिली। कई राज्यों में सड़कें जाम कर दी गईं, गाड़ियां जला दी गईं और हथियारों से लैस झड़पें हुईं, जिनमें तमाउलिपास, मिचोआकन और नायरिट शामिल हैं। इन इलाकों में सीजेएनजी सक्रिय है।
ऑपरेशन के बाद मैक्सिको की राष्ट्रपति क्लाउडिया शीनबाम ने शांति की अपील की। उन्होंने कहा, “सभी राज्यों की सरकारों के साथ पूरा तालमेल है। हमें जानकारी रखनी चाहिए और शांत रहना चाहिए।”
–आईएएनएस











