रांची । झारखंड प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के नवनिर्वाचित प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने शुक्रवार को औपचारिक रूप से अपने पद का कार्यभार संभाल लिया। इससे पहले उन्होंने प्रदेश भाजपा कार्यालय में सरस्वती पूजा के अवसर पर पूजा-अर्चना की। पदभार संभालने के बाद आदित्य साहू ने कहा कि झारखंड भाजपा की उर्वरा भूमि है। पार्टी की सबसे बड़ी ताकत इसके समर्पित और ऊर्जावान कार्यकर्ता हैं। हम सभी वसंतपंचमी के दिन संकल्प लें कि राज्य में सुशासन लाने के लिए जूझेंगे, संघर्ष करेंगे।
उन्होंने कहा कि यह निश्चित है कि राज्य में फिर एक बार भाजपा के नेतृत्व में मजबूत डबल इंजन सरकार बनेगी। आदित्य साहू ने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष के रूप में संगठन की विचारधारा को गांव-गांव और व्यक्ति-व्यक्ति तक पहुंचाना उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने पार्टी के कार्यकर्ताओं के प्रति आभार जताते हुए कहा कि उनके विश्वास और समर्थन के कारण ही उन्हें प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
उन्होंने कहा कि मैंने अपना राजनीतिक सफर बूथ स्तर के कार्यकर्ता से शुरू किया था और आज प्रदेश अध्यक्ष बना हूं। यह भारतीय जनता पार्टी की संगठनात्मक संरचना की विशेषता है। प्रदेश अध्यक्ष ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर उन्हें नमन करते हुए कहा कि नेताजी का झारखंड की धरती से गहरा नाता था।
उन्होंने यहां से अंग्रेजों के खिलाफ आवाज बुलंद की थी। आज उन्हें याद करते हुए हमें झारखंड की नई पहचान के लिए संघर्ष का संकल्प लेना चाहिए। नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने आदित्य साहू के संगठनात्मक अनुभव की सराहना करते हुए कहा कि वे लंबे समय से पार्टी संगठन में सक्रिय रहे हैं और बूथ स्तर से प्रदेश अध्यक्ष तक पहुंचे हैं, इसलिए उन्हें किसी विशेष मार्गदर्शन की आवश्यकता नहीं है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष और विधायक दल नेता की जिम्मेदारियां अलग-अलग होती हैं और दोनों पद अलग होने से संगठन और अधिक प्रभावी ढंग से काम करेगा। इस मौके पर प्रदेश संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष यदुनाथ पांडेय, डॉ रवींद्र कुमार राय, सांसद दीपक प्रकाश, प्रदेश महामंत्री एवं सांसद डॉ प्रदीप वर्मा, प्रदेश उपाध्यक्ष बालमुकुंद सहाय सहित बड़ी संख्या में नेता-कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
–आईएएनएस











