अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान के निदेशक डॉक्टर रणदीप गुलेरिया को आज यहां 22 वें लाल बहादुर शास्त्री सम्मान से सम्मानित किया गया।
उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने उपराष्ट्रपति निवास में डॉ गुलेरिया को यह सम्मान प्रदान किया। इस अवसर पर लाल बहादुर प्रबंधन संस्थान के अध्यक्ष एवं शास्त्री जी के पुत्र अनिल शास्त्री तथा संस्थान के निदेशक पवन गुप्ता भी मौजूद थे।
श्री नायडू ने श्री गुलेरिया के चिकित्सा क्षेत्र में योगदान की तारीफ करते हुए कहा कि इस सम्मान के लिए डॉक्टर गुलेरिया से बड़ा कोई योग्य व्यक्ति मेरी नज़र में नहीं था।उन्होंने कोविड 19 के दौर में जिस तरह मरीजों की देखभाल और इलाज में जो योगदान दिया वह काबिले तारीफ है।उन्होंने इस रोग की रोकथाम और बचाव के उपायों से जनता को जागरूक बनाया और उनके नेतृत्व में एम्स ने सराहनीय कार्य किया।
उन्होंने इस अवसर पर डॉक्टर गुलेरिया के पिता डॉक्टर जे एस गुलेरिया को भी स्मरण किया जिन्हें उनके योगदान के लिए पद्मश्री नवाज़ा गया था।
उपराष्ट्रपति ने कहा कि डॉक्टर गुलेरिया ने कोविड के दौरान लोगों की काफी मदद की और निःस्वार्थ सेवा की तथा उनके नेतृत्व में डॉक्टरों नर्सों से लेकर चिकित्सा कर्मचारियों ने जनता की सेवा की।
श्री नायडू ने शस्त्री जी के योगदान को रेखंकित करते हुए कहा कि शास्री जी ने जय जवान जय किसान का नारा दिया तो अटल जी ने उसमे जय विज्ञान जोड़ा तो मोदी जी ने उसमे जय अनुसंधान जोड़ा और इस तरह देश का विकास जारी है।











